कचहरी में अधिवक्ताओं के साथ जनसंवाद, जंतर-मंतर आंदोलन पर उठाए सवाल
मुरादाबाद। भारतीय जनता पार्टी मुरादाबाद महानगर के पूर्व महानगर अध्यक्ष श्री मनोज कुमार गुप्ता एडवोकेट ने शुक्रवार को जंतर-मंतर पर नीट (NEET) मुद्दे को लेकर चल रहे आंदोलन के संदर्भ में मुरादाबाद कचहरी में अधिवक्ताओं के साथ जनसंवाद किया। इस दौरान उन्होंने आंदोलन की आड़ में युवाओं को गुमराह करने की कथित कोशिशों पर चिंता व्यक्त करते हुए राष्ट्रहित को सर्वोपरि बताया।
उन्होंने कहा कि देश के युवाओं की वास्तविक समस्याओं का समाधान लोकतांत्रिक और सकारात्मक प्रयासों से होना चाहिए, लेकिन कुछ राजनीतिक स्वार्थ से प्रेरित तत्व केवल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भारतीय जनता पार्टी का विरोध करने के उद्देश्य से ऐसे आंदोलनों का उपयोग कर रहे हैं। उनका आरोप था कि इससे युवाओं के बीच भ्रम फैलाने का प्रयास किया जा रहा है।
मनोज कुमार गुप्ता ने कहा कि कुछ राष्ट्रविरोधी मानसिकता वाले लोग भारत की विकास यात्रा से असहज हैं और नहीं चाहते कि वर्ष 2047 तक भारत विकसित राष्ट्र बने। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कुछ विदेशी हितों से प्रेरित शक्तियां भारत में कमजोर और अस्थिर केंद्र सरकार देखना चाहती हैं ताकि वे अपने हितों के अनुरूप देश की नीतियों को प्रभावित कर सकें।
उन्होंने जंतर-मंतर पर आयोजित आंदोलन के दौरान देश, भगवान श्रीराम, हिंदुत्व और ब्राह्मण समाज को लेकर की गई कथित आपत्तिजनक टिप्पणियों की निंदा करते हुए कहा कि ऐसी घटनाएं आंदोलन के वास्तविक उद्देश्य पर प्रश्नचिह्न खड़े करती हैं। उनके अनुसार इससे यह आशंका उत्पन्न होती है कि आंदोलन का नेतृत्व करने वाले कुछ लोग राष्ट्रहित के बजाय अन्य प्रभावों से प्रेरित होकर कार्य कर रहे हैं।
उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे किसी भी प्रकार के भ्रामक प्रचार या दुष्प्रचार से बचें, तथ्यों के आधार पर अपनी राय बनाएं और राष्ट्र की एकता, अखंडता तथा विकास के संकल्प को मजबूत करें।
कार्यक्रम के अंत में श्री मनोज कुमार गुप्ता ने कहा कि विकसित भारत के निर्माण में प्रत्येक नागरिक की भागीदारी आवश्यक है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रहित सर्वोपरि है और देश को कमजोर करने वाली हर साजिश का लोकतांत्रिक एवं वैचारिक रूप से मजबूती के साथ सामना किया जाना चाहिए।
नोट: यह समाचार श्री मनोज कुमार गुप्ता द्वारा दिए गए वक्तव्यों और प्रेस विज्ञप्ति पर आधारित है। इसमें व्यक्त आरोप और दावे उनके हैं।

