यह तस्वीर केवल एक अनुष्ठान नहीं, बल्कि एक संदेश है “कुर्सी पर भले ही योगी जी मुख्यमंत्री हैं , पर उनके हृदय में सदैव एक सनातनी साधक बसता हैं “
योगी आदित्यनाथ जी जब कन्या पूजन करते हैं, तो यह केवल धर्माचार नहीं होता, बल्कि उस परंपरा का जीवंत चित्र होता है जिसमें बेटियों को देवी का स्वरूप माना जाता है ।
नवरात्रि में कन्या पूजन के माध्यम से यह विश्वास जगाया जाता है कि जहां कन्या का सम्मान होगा, वहीं लक्ष्मी, सरस्वती और दुर्गा का वास होगा।
सत्ता की चकाचौंध से दूर, आस्था और परंपरा में डूबा यह क्षण अद्भुत आंनद देने वाला है….
या देवी सर्वभूतेषु कन्या रूपेण संस्थिता |
नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः



